हरिद्वार/देहरादून:
उत्तराखंड की पावन नगरी हरिद्वार में वर्ष 2027 में आयोजित होने वाले अर्द्धकुंभ मेले की तैयारियां अब युद्ध स्तर पर शुरू हो गई हैं। अमर उजाला के अनुसार, केंद्र सरकार ने मेले के भव्य आयोजन और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 500 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी कर दी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस आर्थिक सहायता के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का हृदय से आभार व्यक्त किया है।
उत्तराखंड की पावन नगरी हरिद्वार में वर्ष 2027 में आयोजित होने वाले अर्द्धकुंभ मेले की तैयारियां अब युद्ध स्तर पर शुरू हो गई हैं। अमर उजाला के अनुसार, केंद्र सरकार ने मेले के भव्य आयोजन और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 500 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी कर दी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस आर्थिक सहायता के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का हृदय से आभार व्यक्त किया है।
मुख्य बिंदु:
- आयोजन की अवधि: हरिद्वार कुंभ का आयोजन जनवरी से अप्रैल 2027 तक किया जाएगा। इसका पहला शाही स्नान 14 जनवरी 2027 (मकर संक्रांति) को होगा और समापन अप्रैल 2027 में होगा।
- इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर: जारी किए गए 500 करोड़ रुपये का उपयोग यातायात प्रबंधन, पेयजल आपूर्ति, स्वच्छता व्यवस्था, घाटों के सुधार और सुरक्षा इंतजामों को पुख्ता करने में किया जाएगा।
- शिलान्यास: हाल ही में मुख्यमंत्री धामी ने कुंभ क्षेत्र के लिए 234.55 करोड़ रुपये की लागत वाली 34 महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजनाओं का शिलान्यास भी किया है।
- भव्य और दिव्य कुंभ: सीएम धामी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी स्थायी और अस्थायी निर्माण कार्य समय सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ मेला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भारत की सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक विरासत का प्रतीक है। केंद्र और राज्य सरकार के साझा प्रयासों से इस बार का कुंभ ऐतिहासिक और सुरक्षित होगा, जिससे देश-विदेश से आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिल सकेंगी।