स्थान: रुड़की, उत्तराखंड
दिनांक: 22 मार्च 2026 (रिपोर्ट के अनुसार)
दिनांक: 22 मार्च 2026 (रिपोर्ट के अनुसार)
हादसे का विवरण
पश्चिम बंगाल में तैनात एनएसजी कमांडो धनप्रकाश (33) महज दो दिन पहले ही छुट्टी पर अपने घर आए थे। रविवार को जब वह अपनी बाइक से किसी दोस्त से मिलने जा रहे थे, तभी एक रोडवेज बस ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें तुरंत पास के ही एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
पश्चिम बंगाल में तैनात एनएसजी कमांडो धनप्रकाश (33) महज दो दिन पहले ही छुट्टी पर अपने घर आए थे। रविवार को जब वह अपनी बाइक से किसी दोस्त से मिलने जा रहे थे, तभी एक रोडवेज बस ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें तुरंत पास के ही एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
परिजनों के गंभीर आरोप
उपचार के दौरान कमांडो धनप्रकाश की मृत्यु हो गई, जिसके बाद परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। परिजनों ने अस्पताल पर निम्नलिखित आरोप लगाए हैं:
उपचार के दौरान कमांडो धनप्रकाश की मृत्यु हो गई, जिसके बाद परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। परिजनों ने अस्पताल पर निम्नलिखित आरोप लगाए हैं:
- चिकित्सक की अनुपस्थिति: परिजनों का दावा है कि अस्पताल पहुँचने के काफी देर बाद तक भी कोई डॉक्टर उन्हें देखने नहीं आया और वे घंटों इंतजार करते रहे।
- गलत उपचार/इंजेक्शन: स्वजन का आरोप है कि अस्पताल के कर्मचारी ने गलत इंजेक्शन लगा दिया, जिससे युवक की हालत बिगड़ी और उसकी मौत हो गई।
- अस्पताल स्टाफ से विवाद: जवान की मौत की खबर मिलते ही गुस्साए ग्रामीणों और परिजनों ने अस्पताल स्टाफ के साथ तीखी बहस की और देर शाम तक हंगामा जारी रहा।
प्रशासनिक कार्रवाई
हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस बल मौके पर पहुँचा। पुलिस ने आक्रोशित परिजनों को समझाने का प्रयास किया। परिजनों ने मांग की है कि दोषी अस्पताल कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। गौरतलब है कि मृतक कमांडो अपने परिवार का सहारा थे और उनके पीछे माता-पिता, पत्नी और बच्चे हैं।
इस मामले में पुलिस अब दुर्घटना और अस्पताल की कथित लापरवाही दोनों पहलुओं की जांच कर रही है।