उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली जिले के बेडुबगड़ में आयोजित ट्राइबल कॉन्क्लेव 2026 में राज्य की जनजातीय समुदायों के सशक्तिकरण और सांस्कृतिक संरक्षण के लिए व्यापक विज़न पेश किया।
कार्यक्रम में उन्होंने नीति घाटी की भोटिया जनजाति के शीतकालीन पलायन और भूमि विवाद जैसे मुद्दों के समाधान के लिए विशेष पहल की घोषणा की। बेडुबगड़ भोटिया कैंप में सामुदायिक भवन (हॉल) के निर्माण, गौरा देवी की स्मृति में प्रतिमा और पार्क, तथा बैरासkund मंदिर के सौंदर्यीकरण जैसी योजनाओं को आगे बढ़ाया जा रहा है।
धामी ने कहा कि ऐसे जनजातीय सम्मेलन परंपराओं और सांस्कृतिक पहचान को सुरक्षित रखने के साथ-साथ समुदायों को अपनी बात रखने का मंच देते हैं। उन्होंने जनजातीय समाज के पर्यावरण संरक्षण और सीमा सुरक्षा में योगदान को सराहते हुए बताया कि सरकार जनजातीय जीवन स्तर सुधारने के लिए ट्राइबल एडवांस्ड विलेज कैंपेन और एकलव्य मॉडल रेज़िडेंशियल स्कूल जैसी योजनाओं के जरिए शिक्षा, बुनियादी ढांचा और आजीविका के अवसर सीधे हर जनजातीय घर तक पहुंचाने पर जोर दे रही है।
समग्र रूप से, राज्य सरकार की यह रूपरेखा जनजातीय क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विकास, सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण और ट्राइबल टूरिज्म को बढ़ावा देकर सतत विकास और सामाजिक समावेशन सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।