उत्तराखंड राजनीति | 10 अक्टूबर 2026

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन और आगामी चुनावों को लेकर उठ रहे सवालों पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। कॉकरोच जनता पार्टी की ओर से उठाए जा रहे बेरोजगारी और सरकारी शिक्षा व्यवस्था जैसे मुद्दों के बीच मुख्यमंत्री ने विपक्षी विरोध-प्रदर्शनों पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि देश हुल्लड़बाजी से नहीं, बल्कि संविधान और कानून के आधार पर चलता है।

कॉकरोच जनता पार्टी ने उत्तराखंड में सरकारी स्कूलों के बंद होने और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े सवाल उठाते हुए धामी सरकार को अल्टीमेटम भी दिया था। वहीं, राष्ट्रीय स्तर पर पार्टी के प्रदर्शन चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त से जुड़े विवादों को लेकर भी चर्चा में रहे हैं।

कॉकरोच जनता पार्टी ने क्यों शुरू किया आंदोलन?

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने उत्तराखंड में सरकारी स्कूलों की स्थिति को लेकर सरकार से जवाब मांगा है। दैनिक जागरण की 20 सितंबर 2026 की रिपोर्ट के अनुसार, पार्टी ने दावा किया था कि पिछले पांच वर्षों में प्रदेश के 826 प्राथमिक विद्यालय बंद हुए हैं। पार्टी ने शिक्षकों की कमी, स्कूल भवनों की खराब स्थिति और बुनियादी सुविधाओं के अभाव जैसे मुद्दे भी उठाए थे। इन मांगों को लेकर सरकार को 10 दिन का अल्टीमेटम देने और आंदोलन की चेतावनी देने की खबर सामने आई थी।

राष्ट्रीय स्तर पर कॉकरोच जनता पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर भी प्रदर्शन किया। लाइव हिन्दुस्तान की रिपोर्ट के मुताबिक, पार्टी ने मतदाता सूची के पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए और चुनाव आयुक्त की नियुक्ति प्रक्रिया में बदलाव की मांग की थी।

बेरोजगारी के मुद्दे पर क्या बोले मुख्यमंत्री धामी?

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 29 सितंबर 2026 को हिन्दुस्तान टाइम्स को दिए साक्षात्कार में उत्तराखंड में रोजगार और भर्ती प्रक्रिया से जुड़े सवालों पर अपनी सरकार का पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने पिछले पांच वर्षों में 35,000 से अधिक युवाओं को नौकरियां दी हैं। उन्होंने भर्ती परीक्षाओं में नकल और अनियमितताओं को रोकने के लिए सख्त कानून लागू करने तथा नकल माफिया से जुड़े 100 लोगों को जेल भेजे जाने की बात भी कही।

सरकार का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए गए हैं। दूसरी ओर, बेरोजगारी और शिक्षा व्यवस्था जैसे मुद्दे विपक्षी दलों तथा विभिन्न संगठनों के लिए सरकार को घेरने का आधार बने हुए हैं।

क्या आंदोलन का आगामी चुनाव पर असर पड़ेगा?

उत्तराखंड में अगले वर्ष विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में बेरोजगारी, सरकारी स्कूलों की स्थिति, भर्ती प्रक्रिया और सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन राजनीतिक बहस के महत्वपूर्ण मुद्दे बने हुए हैं। कॉकरोच जनता पार्टी का आंदोलन भी इन्हीं मुद्दों के संदर्भ में चर्चा में है।

हालांकि, उपलब्ध विश्वसनीय रिपोर्टों में मुख्यमंत्री धामी के इस विशिष्ट बयान की स्वतंत्र पुष्टि नहीं मिली कि उन्होंने कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन के बारे में सीधे कहा हो कि इसका चुनाव पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसलिए इस कथन को मुख्यमंत्री का सत्यापित प्रत्यक्ष उद्धरण मानने से पहले मूल वीडियो या आधिकारिक बयान की पुष्टि आवश्यक है।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *