उत्तराखंड में इस वर्ष चारधाम यात्रा का आगाज पिछले साल की तुलना में 11 दिन पहले होने जा रहा है। 19 अप्रैल 2026 को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने के साथ ही इस यात्रा की औपचारिक शुरुआत हो जाएगी। यात्रा जल्दी शुरू होने से न केवल श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए अधिक समय मिलेगा, बल्कि स्थानीय व्यापारियों को भी पिछले साल हुए नुकसान की भरपाई और कारोबार बढ़ने की बड़ी उम्मीद है।
चारों धामों के कपाट खुलने की संभावित तिथियां
धार्मिक पंचांग और परंपराओं के अनुसार, इस वर्ष यात्रा का कार्यक्रम निम्न प्रकार रहने की संभावना है:
- गंगोत्री और यमुनोत्री धाम: 19 अप्रैल 2026 (अक्षय तृतीया)।
- केदारनाथ धाम: 22 अप्रैल 2026 (संभावित)।
- बदरीनाथ धाम: आज वसंत पंचमी पर नरेंद्रनगर राजदरबार में हुई घोषणा के अनुसार 24 अप्रैल 2026 को सुबह 6:00 बजे कपाट खुलेंगे।
श्रद्धालुओं और कारोबारियों के लिए बड़ी राहत
पिछले वर्ष यात्रा के दौरान मौसम की मार और तकनीकी बाधाओं के कारण श्रद्धालुओं की संख्या में उतार-चढ़ाव देखा गया था। इस बार यात्रा अप्रैल के मध्य में ही शुरू होने से:
- दर्शन का अधिक समय: यात्रा सीजन लंबा होने से श्रद्धालुओं की भीड़ का बेहतर प्रबंधन हो सकेगा।
- आर्थिक मजबूती: होटल, टैक्सी और स्थानीय व्यापार से जुड़े लोगों को इस बार अच्छे टर्नओवर की उम्मीद है क्योंकि यात्रियों के पास दर्शन के लिए 6 महीने से अधिक का समय होगा।
- बेहतर व्यवस्था: प्रशासन को भी इस बार ट्रैफिक और पंजीकरण (Registration) को व्यवस्थित करने के लिए अतिरिक्त समय मिला है।
महत्वपूर्ण सूचना
श्रद्धालुओं को ध्यान रखना होगा कि इस बार मंदिर परिसर के भीतर मोबाइल फोन और फोटोग्राफी पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। साथ ही, यात्रा के लिए उत्तराखंड पर्यटन विभाग के पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य होगा।