देहरादून के ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी में आयोजित एक भव्य संगीतमय शाम के दौरान बॉलीवुड के दिग्गज पार्श्व गायक पद्मश्री कुमार सानू को उनकी विशिष्ट उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया।
रविवार, 10 मई 2026 को देहरादून की हसीन वादियों में सुरों का जादू उस वक्त बिखर गया जब ‘किंग ऑफ मेलोडी’ के नाम से मशहूर कुमार सानू ने लाइव परफॉर्मेंस दी। शृंखला म्यूजिकल ग्रुप की ओर से आयोजित ‘एक शाम सुरों के नाम’ कार्यक्रम में उन्हें प्रतिष्ठित ‘शृंखला श्री उत्तराखंड रत्न’ सम्मान से नवाजा गया।
1. दिग्गज हस्तियों की मौजूदगी:
ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी के सिल्वर जुबली कन्वेंशन हॉल में आयोजित इस गरिमामय समारोह के मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री खजानदास और विशिष्ट अतिथि ग्राफिक एरा ग्रुप के अध्यक्ष डॉ. कमल घनशाला रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता शृंखला म्यूजिकल ग्रुप के संस्थापक अध्यक्ष पीयूष निगम ने की। इस दौरान विधायक सविता कपूर और अपर सचिव बंशीधर तिवारी सहित कई गणमान्य हस्तियां मौजूद रहीं। [1, 2]
ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी के सिल्वर जुबली कन्वेंशन हॉल में आयोजित इस गरिमामय समारोह के मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री खजानदास और विशिष्ट अतिथि ग्राफिक एरा ग्रुप के अध्यक्ष डॉ. कमल घनशाला रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता शृंखला म्यूजिकल ग्रुप के संस्थापक अध्यक्ष पीयूष निगम ने की। इस दौरान विधायक सविता कपूर और अपर सचिव बंशीधर तिवारी सहित कई गणमान्य हस्तियां मौजूद रहीं। [1, 2]
2. सदाबहार गीतों से बांधा समां:
जैसे ही कुमार सानू मंच पर पहुंचे, हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। उन्होंने अपनी मखमली आवाज में ‘सांसों की जरूरत है जैसे’, ‘धीरे-धीरे प्यार को बढ़ाना है’, ‘तुझे देखा तो ये जाना सनम’ और ‘मेरा दिल भी कितना पागल है’ जैसे सुपरहिट गीत गाकर श्रोताओं को 90 के दशक की यादों में डुबो दिया।
जैसे ही कुमार सानू मंच पर पहुंचे, हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। उन्होंने अपनी मखमली आवाज में ‘सांसों की जरूरत है जैसे’, ‘धीरे-धीरे प्यार को बढ़ाना है’, ‘तुझे देखा तो ये जाना सनम’ और ‘मेरा दिल भी कितना पागल है’ जैसे सुपरहिट गीत गाकर श्रोताओं को 90 के दशक की यादों में डुबो दिया।
3. अन्य सम्मान और श्रद्धांजलि:
समारोह में कुमार सानू के अलावा वरिष्ठ पत्रकार रेखा खान और लेखक डॉ. इंद्रजीत सिंह को भी शिक्षा, साहित्य और सिनेमा में उनके योगदान के लिए ‘शृंखला श्री’ सम्मान प्रदान किया गया। इस संगीतमय संध्या के दौरान स्वर कोकिला दिवंगत आशा भोंसले को भी उनके गीतों के माध्यम से भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
समारोह में कुमार सानू के अलावा वरिष्ठ पत्रकार रेखा खान और लेखक डॉ. इंद्रजीत सिंह को भी शिक्षा, साहित्य और सिनेमा में उनके योगदान के लिए ‘शृंखला श्री’ सम्मान प्रदान किया गया। इस संगीतमय संध्या के दौरान स्वर कोकिला दिवंगत आशा भोंसले को भी उनके गीतों के माध्यम से भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
4. मुफ्त एंट्री और भारी उत्साह:
इस कॉन्सर्ट की सबसे खास बात यह रही कि आम जनता के लिए इसमें प्रवेश बिल्कुल निःशुल्क रखा गया था, जिसके कारण देहरादून और आसपास के क्षेत्रों से हजारों की संख्या में संगीत प्रेमी पहुंचे थे। सानू दा ने अपने प्रशंसकों का आभार जताते हुए कहा कि देवभूमि की जनता का प्यार पाकर वे अभिभूत हैं।
इस कॉन्सर्ट की सबसे खास बात यह रही कि आम जनता के लिए इसमें प्रवेश बिल्कुल निःशुल्क रखा गया था, जिसके कारण देहरादून और आसपास के क्षेत्रों से हजारों की संख्या में संगीत प्रेमी पहुंचे थे। सानू दा ने अपने प्रशंसकों का आभार जताते हुए कहा कि देवभूमि की जनता का प्यार पाकर वे अभिभूत हैं।
यह कार्यक्रम न केवल संगीत प्रेमियों के लिए एक यादगार अनुभव रहा, बल्कि इसने क्षेत्रीय कलाकारों को भी एक बड़ा मंच प्रदान किया, जिन्होंने कुमार सानू के साथ मिलकर अपनी प्रस्तुतियां दीं।