पटना: बिहार की राजधानी पटना के मुसल्लापुर हाट और कदमकुआन क्षेत्र में स्थित खान ग्लोबल स्टडीज (Khan Global Studies) कोचिंग संस्थान के बाहर हुई हिंसक झड़प और फायरिंग मामले में देश के प्रसिद्ध शिक्षक और यूट्यूबर ‘खान सर‘ (वास्तविक नाम: फैसल खान) की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। रिपोर्ट के अनुसार, पटना पुलिस ने खान सर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) और आर्म्स एक्ट (Arms Act) जैसी बेहद गंभीर और गैर-जमानती धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस की ओर से गिरफ्तारी के बढ़ते दबाव और संभावित अरेस्ट वारंट की कार्रवाई के बीच, शनिवार (6 जून, 2026) को खान सर खुद आत्मसमर्पण (Surrender) करने के लिए पटना सिविल कोर्ट (Patna Civil Court) पहुंचे। [1]
इस बड़े घटनाक्रम के बाद पटना के कोचिंग जगत में भारी हड़कंप मच गया है। कोर्ट परिसर के बाहर खान सर के समर्थन में सैकड़ों छात्रों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिसे नियंत्रित करने के लिए पुलिस प्रशासन को कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है।
निजी गार्ड्स के ऑन-कैमरा कबूलनामे से फंसे खान सर
यह पूरा मामला 2 जून, 2026 की रात का है, जब खान सर के कोचिंग संस्थान के बाहर कथित रूप से तोड़फोड़, पत्थरबाजी और हिंसा हुई थी। शुरुआत में खान सर ने आरोप लगाया था कि एक विरोधी कोचिंग संस्थान के इशारे पर असामाजिक तत्वों ने उनके सेंटर पर हमला किया और फायरिंग की।
- हालांकि, अगले 24 घंटों में पुलिस तफ्तीश में पूरा मामला पूरी तरह पलट गया।
- पुलिस ने जब खान सर के दो निजी सुरक्षा गार्डों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, तो उन्होंने बेहद चौंकाने वाला खुलासा किया।
- एफआईआर (FIR) की कॉपी के अनुसार, दोनों गार्ड्स ने पुलिस और कैमरे के सामने स्वीकार किया कि खान सर ने खुद उन्हें भीड़ पर सीधे गोली चलाने का आदेश दिया था।
- गार्ड्स के मुताबिक, खान सर ने कहा था, “तुम लोग खड़े होकर क्या देख रहे हो? भीड़ पर गोली चलाओ, आगे जो भी कानूनी परिणाम होंगे, मैं खुद देख लूंगा।”
विरोधी कोचिंग संचालक की गिरफ्तारी और छात्रों का भारी विरोध
द हिंदू की रिपोर्ट के मुताबिक, इस घटना की शुरुआत दो बड़े कोचिंग संस्थानों के बीच वर्चस्व की जंग और प्रतिद्वंद्विता से जुड़ी है।
- शुरुआती कार्रवाई: घटना के अगले दिन पुलिस ने खान सर की शिकायत पर कदमकुआन थाने में मामला दर्ज कर ‘ज्ञान बिंदु’ कोचिंग संस्थान के डायरेक्टर रोशन आनंद सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर बेऊर जेल भेज दिया था।
- दावा पलटा: जेल जाने के दौरान रोशन आनंद ने इस पूरी घटना को खान सर की एक सोची-समझी साजिश और ‘फेक हाइप’ बनाने का तरीका बताया था।
- छात्रों का उग्र प्रदर्शन: रोशन आनंद की गिरफ्तारी के बाद 5,000 से अधिक छात्र सड़कों पर उतर आए थे और करगिल चौक तक मार्च निकालकर खान सर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।
पुलिस ने गठित की थी स्पेशल यूनिट, कोर्ट पहुंचे खान सर
सुरक्षा गार्डों के बयान और फायरिंग से जुड़े वीडियो एविडेंस सामने आने के बाद पटना पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों (SSP) की एक हाई-लेवल बैठक हुई। पुलिस ने खान सर उर्फ फैसल खान की गिरफ्तारी के लिए ‘डिस्ट्रिक्ट इन्वेस्टिगेशन यूनिट’ (DIU) नाम की एक विशेष टीम का गठन किया था, जो उनके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही थी।
पुलिस की बढ़ती दबिश और कोर्ट से अरेस्ट वारंट जारी होने की प्रबल संभावनाओं के बीच, रिपोर्ट के अनुसार, शनिवार दोपहर खान सर अचानक अपने वकीलों की टीम के साथ पटना सिविल कोर्ट पहुंचे और कानूनी प्रक्रिया के तहत आत्मसमर्पण करने की अर्जी दाखिल की। बिहार सरकार के शिक्षा मंत्री ने भी कोचिंग संस्थानों के बीच चल रही इस खतरनाक जंग पर चिंता जताते हुए कहा है कि अगले 3 महीनों के भीतर कोचिंग मंडियों के लिए एक सख्त नियमावली और नीति बनाई जाएगी ताकि कानून-व्यवस्था प्रभावित न हो।