स्थान: टांडा रेंज, लालकुआं, नैनीताल जिला (उत्तराखंड)
दिनांक: 29 अप्रैल 2026
दिनांक: 29 अप्रैल 2026
उत्तराखंड के हल्द्वानी क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। यहाँ तराई केंद्रीय वन प्रभाग के टांडा रेंज स्थित शाह पठानी खत्ते में एक जंगली हाथी ने हमला कर दो लोगों को मौत के घाट उतार दिया है। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत और खौफ का माहौल बना हुआ है।
घटना का विवरण
यह घटना मंगलवार रात की बताई जा रही है, जब एक विशालकाय जंगली हाथी अचानक जंगल से निकलकर आबादी वाले क्षेत्र (शाह पठानी खत्ता) की ओर आ धमका। हाथी ने वहां मौजूद दो लोगों पर हमला कर दिया और उन्हें अपनी सूंड से उठाकर जमीन पर पटक दिया। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, हाथी ने दोनों को बुरी तरह कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
मृतकों की पहचान
- बांधो प्रजापति (75 वर्ष): ये मूल रूप से झारखंड के जिला चतरा (ग्राम हुंकारखाप) के रहने वाले थे। जानकारी के अनुसार, वह अपनी बेटी के पास यहाँ आए हुए थे और पास के खेतों में चौकीदारी का काम कर रहे थे।
- अज्ञात व्यक्ति: दूसरे मृतक की शिनाख्त फिलहाल नहीं हो सकी है। स्थानीय लोगों और वन विभाग के अनुसार, वह व्यक्ति मानसिक रूप से अस्वस्थ (विक्षिप्त) था और अक्सर इसी क्षेत्र में घूमता रहता था।
प्रशासनिक कार्रवाई और जांच
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीमें मौके पर पहुँच गईं। पुलिस क्षेत्राधिकारी अमित सैनी, लालकुआं के प्रभारी निरीक्षक ब्रजमोहन सिंह राणा और वन विभाग के रेंजर रूपनारायण गौतम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया।
- दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए हल्द्वानी भेज दिया गया है।
- लालकुआं की उपजिलाधिकारी (SDM) रेखा कोहली ने बताया कि मृतकों के परिजनों को नियमानुसार सरकारी मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।तराई केंद्रीय वन प्रभाग के प्रभागीय वनाधिकारी (DFO) उमेश चंद्र तिवारी ने इस मामले की गहन जांच के आदेश दिए हैं।
इलाके में भारी दहशत
इस घटना ने स्थानीय ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति आक्रोश और जंगली जानवरों के प्रति डर पैदा कर दिया है। ग्रामीणों का आरोप है कि हाथियों का झुंड अक्सर आबादी वाले क्षेत्रों और खेतों में आ जाता है, जिससे जान-माल का खतरा बना रहता है। वन विभाग ने लोगों को जंगल के पास अकेले न जाने और रात के समय विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है।